नई दिल्ली, 27 दिसंबर 2025। Operation Aaghat: नए साल 2026 और गणतंत्र दिवस से पहले राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए दिल्ली पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। विभिन्न जिलों में मॉक ड्रिल के साथ-साथ अपराधियों और अराजक तत्वों के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में साउथ-ईस्ट जिला पुलिस ने ‘ऑपरेशन आघात 3.0’ के तहत बड़ा अभियान चलाया, जिसमें 285 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और 504 लोगों को एहतियातन हिरासत में लिया गया।
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यह अभियान अपराध पर कड़ा प्रहार साबित हुआ है, जिससे संगठित अपराध, नशा तस्करी, अवैध शराब और जुआ जैसी गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगा है।डीसीपी साउथ-ईस्ट हेमंत तिवारी के नेतृत्व में चलाए गए इस विशेष अभियान में आबकारी अधिनियम (एक्साइज एक्ट), एनडीपीएस एक्ट और जुआ अधिनियम के तहत 285 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इसके अलावा 116 बदमाश चरित्र (बदमाशों की सूची में शामिल) व्यक्तियों को पकड़ा गया।
अभियान के दौरान 10 संपत्ति अपराधी (प्रॉपर्टी ऑफेंडर) और 5 ऑटो लिफ्टर भी पुलिस के हत्थे चढ़े। कुल मिलाकर 1,306 लोगों को निरोधात्मक उपायों के तहत राउंड अप किया गया, जिनसे पूछताछ कर अपराध संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल की गईं। पुलिस की इस सघन कार्रवाई में बड़ी मात्रा में अवैध सामान बरामद हुआ है। आरोपियों के पास से 21 देशी पिस्तौल (कंट्री मेड पिस्टल), 20 जिंदा कारतूस और 27 चाकू जब्त किए गए।

अवैध शराब तस्करों से 12,258 क्वार्टर अवैध शराब और 6.01 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। जुआरियों के पास से 2,30,990 रुपये नकद जब्त किए गए। इसके अलावा 310 मोबाइल फोन (जिनमें से कई चोरी या लूटे हुए थे), 231 दोपहिया वाहन और एक चारपहिया वाहन भी जब्त या बरामद किए गए। ये बरामदगियां चोरी, लूट और वाहन चोरी के कई मामलों को सुलझाने में मदद करेंगी। डीसीपी हेमंत तिवारी ने बताया कि यह अभियान नए साल के जश्न और त्योहारों के दौरान अपराध दर में संभावित वृद्धि को देखते हुए शुरू किया गया है।
त्योहारी मौसम में भीड़भाड़ और गतिविधियों के कारण अपराध बढ़ने का खतरा रहता है, इसलिए यह निवारक और प्रतिरोधक कार्रवाई है। उन्होंने कहा कि ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे, ताकि जिले में कानून-व्यवस्था मजबूत बनी रहे और आम नागरिक सुरक्षित महसूस करें। पुलिस की टीमों ने संवेदनशील इलाकों, क्राइम हॉटस्पॉट और संदिग्ध स्थानों पर रातभर छापेमारी और चेकिंग की।यह ‘ऑपरेशन आघात’ की तीसरी कड़ी है।
इससे पहले सितंबर में आघात 1.0 और अक्टूबर में आघात 2.0 चलाया गया था, जिनमें भी सैकड़ों गिरफ्तारियां और बड़ी बरामदगियां हुई थीं। दिल्ली पुलिस का यह प्रयास राजधानी को अपराध मुक्त बनाने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक मजबूत कदम है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि अपराध पर और प्रभावी ढंग से अंकुश लगाया जा सके।
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