नई दिल्ली, 21 दिसंबर 2025। Ex Agniveer Quota: केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) ने बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स (BSF) में पूर्व अग्निवीरों को नए साल की शुरुआत से पहले बड़ी राहत दी है। मंत्रालय ने BSF कांस्टेबल (जनरल ड्यूटी) भर्ती में पूर्व अग्निवीरों का कोटा 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया है। यह संशोधन बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स, जनरल ड्यूटी कैडर (नॉन-गैजेटेड) भर्ती नियम, 2015 में किया गया है।
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नए नियमों को बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स, जनरल ड्यूटी कैडर (नॉन-गैजेटेड) भर्ती (संशोधन) नियम, 2025 नाम दिया गया है, जो 18 दिसंबर 2025 से लागू हो चुके हैं। इस फैसले से अग्निपथ योजना के तहत चार साल की सेवा पूरी करने वाले युवाओं को सीमा सुरक्षा बल में नौकरी के अधिक अवसर मिलेंगे। पहले सभी केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) जैसे CRPF, BSF, CISF, SSB आदि में पूर्व अग्निवीरों के लिए केवल 10 प्रतिशत कोटा था, लेकिन अब BSF में इसे विशेष रूप से 50 प्रतिशत तक बढ़ा दिया गया है।

यह बदलाव BSF एक्ट, 1968 की धारा 141 की उप-धारा (2) के क्लॉज (b) और (c) के तहत किया गया है। नए नियमों के अनुसार, हर भर्ती वर्ष में BSF की कुल रिक्तियों में से 50 प्रतिशत पद पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षित होंगे। इसके अलावा, 10 प्रतिशत पद पूर्व सैनिकों (एक्स-सर्विसमैन) के लिए और तीन प्रतिशत तक पद कॉम्बैटाइज्ड कांस्टेबल (ट्रेड्समैन) के सीधे समायोजन के लिए रखे जाएंगे।
भर्ती प्रक्रिया दो चरणों में होगी। पहले चरण में नोडल फोर्स द्वारा पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षित 50 प्रतिशत रिक्तियों की भर्ती की जाएगी। दूसरे चरण में स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (SSC) द्वारा शेष 47 प्रतिशत रिक्तियों (जिसमें 10 प्रतिशत पूर्व सैनिकों का कोटा शामिल है) की भर्ती होगी। यदि पहले चरण में पूर्व अग्निवीरों की किसी कैटेगरी में सीटें खाली रह जाती हैं, तो उन्हें दूसरे चरण में भरा जाएगा।
महिला उम्मीदवारों के लिए रिक्तियों की संख्या हर साल BSF के महानिदेशक द्वारा कार्यात्मक जरूरतों के आधार पर तय की जाएगी। पूर्व अग्निवीरों को विशेष छूट भी दी गई है। उन्हें फिजिकल स्टैंडर्ड टेस्ट (PST) और फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट (PET) से पूरी तरह मुक्त रखा गया है, क्योंकि वे पहले ही भारतीय सेना में कठोर प्रशिक्षण से गुजर चुके होते हैं। इसके अलावा, आयु सीमा में छूट का प्रावधान है।
पहले बैच के पूर्व अग्निवीरों को आयु में अधिकतम 5 साल की छूट मिल सकती है, जबकि अन्य बैचों के लिए 3 साल की छूट दी जाएगी। हालांकि, उन्हें लिखित परीक्षा अन्य उम्मीदवारों की तरह देनी होगी। यह कदम अग्निपथ योजना को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है, जो 2022 में शुरू हुई थी। योजना के तहत युवा चार साल के लिए सेना में सेवा देते हैं, जिसमें से 25 प्रतिशत को स्थायी कैडर में रखा जा सकता है।
शेष 75 प्रतिशत पूर्व अग्निवीरों को अब BSF जैसे बलों में प्राथमिकता मिलेगी, जिससे उनके करियर की सुरक्षा बढ़ेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला सीमा सुरक्षा को और मजबूत करेगा, क्योंकि पूर्व अग्निवीर अनुशासित और प्रशिक्षित होते हैं।
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